फ़िल्म देखने से बदलाव नही आएगा, अच्छा होगा फ़िल्म देखने का पैसा किसी ऐसी संस्था को दिया जाए एसिड अटक पीड़ितों की सहायता कर सके।
और साथ ही अपने बेटो को अच्छी शिक्षा दी जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
फ़िल्म के लिए दीपिका ने वामपंथी देशद्रोही लोगो के बीच जाकर अपनी मानसिकता जाहिर कर दी
में इस फ़िल्म का बहिष्कार करता हू